Shardiya Navratri 2026
Shardiya Navratri 2026 का पर्व मां दुर्गा की आराधना, व्रत, पूजा-पाठ और आध्यात्मिक साधना के लिए विशेष माना जाता है। इन दिनों भक्त मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा करते हैं और परिवार की सुख-शांति, समृद्धि तथा मंगल की कामना करते हैं। नवरात्रि के पहले दिन कलश स्थापना के साथ पूजा की शुरुआत होती है, जबकि अष्टमी और नवमी पर कन्या पूजन, हवन तथा विशेष पूजा का आयोजन किया जाता है। अगर आप जानना चाहते हैं कि शारदीय नवरात्रि 2026 कब से शुरू है, कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त क्या है, नवरात्रि का पूरा कैलेंडर क्या है और व्रत का पारण कब करना चाहिए, तो इस लेख में आपको इन सभी विषयों की जानकारी मिलेगी।
Sarva pitru Amavasya 2026
पितृ पक्ष का अंतिम दिन पितरों के प्रति श्रद्धा, कृतज्ञता और स्मरण का विशेष अवसर माना जाता है। इस दिन उन पूर्वजों के लिए भी श्राद्ध, तर्पण और दान किया जाता है, जिनकी मृत्यु तिथि ज्ञात नहीं होती या जिनका श्राद्ध किसी विशेष तिथि पर नहीं हो पाया हो। इसी कारण इसे सर्वपितृ अमावस्या भी कहा जाता है। Sarva pitru Amavasya 2026 से जुड़ी सही तिथि, अमावस्या तिथि, तर्पण का समय, श्राद्ध विधि और धार्मिक परंपराओं को लेकर लोगों के मन में कई सवाल रहते हैं। इस लेख में इन्हीं बातों को सरल भाषा में समझने का प्रयास किया गया है।